नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इंडोनेशिया दौरे को लेकर जकार्ता में बसे भारतीय समुदाय में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। जकार्ता कन्वेंशन सेंटर में आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में प्रवासी भारतीय शामिल हुए। प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद समुदाय के लोगों ने इसे गर्व, सम्मान और प्रेरणा का क्षण बताते हुए कहा कि भारत की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा और विकास की गति विदेशों में रहने वाले भारतीयों के लिए भी गर्व का विषय है।
‘पीएम से मिलना और उनका संबोधन सुनना यादगार रहा’
कार्यक्रम में शामिल एक प्रवासी भारतीय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलना और उनका संबोधन सुनना उनके लिए सम्मान और गर्व का अवसर है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री युवाओं को सशक्त बनाने और देश के विकास के लिए लगातार नई पहल कर रहे हैं, जिससे दुनिया भर में भारत की सकारात्मक छवि मजबूत हुई है।
राजस्थान के प्रवासी ने जताया गर्व
राजस्थान मूल के एक प्रवासी भारतीय ने कहा कि उनके लिए यह बेहद गर्व की बात है कि भारत के प्रधानमंत्री इंडोनेशिया आकर भारतीय समुदाय से मिले। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री से मुलाकात और उनका संबोधन सुनना जीवन का यादगार अनुभव बन गया।
भारत के विकास की जानकारी मिली
एक अन्य भारतीय ने कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में भारत में हो रहे विकास कार्यों और देश की प्रगति के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इससे प्रवासी भारतीयों को यह समझने का अवसर मिला कि भारत किस दिशा में आगे बढ़ रहा है और भविष्य की क्या योजनाएं हैं।
‘देश को आगे ले जाने की स्पष्ट सोच है’
एक प्रवासी भारतीय ने प्रधानमंत्री के भाषण की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में देश की दिशा स्पष्ट दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के विजन और कार्यशैली पर उन्हें गर्व है तथा उनके नेतृत्व में भारत लगातार नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है।
विदेशों में भी मजबूत हुई भारत की पहचान
पिछले 35 वर्षों से इंडोनेशिया में रह रहे भारतीय मूल के एक व्यक्ति ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत की अंतरराष्ट्रीय पहचान पहले से अधिक मजबूत हुई है। उन्होंने कहा कि इसका सकारात्मक असर विदेशों में रहने वाले भारतीयों पर भी दिखाई देता है और उन्हें वैश्विक स्तर पर अधिक सम्मान मिलता है।
राष्ट्रपति प्रबोवो के बयान का किया उल्लेख
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें उन्होंने भारत के 2025 के गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान कहा था कि “उनमें भारतीय डीएनए है।” प्रधानमंत्री ने कहा कि इस एक वाक्य ने करोड़ों भारतीयों का दिल जीत लिया और यह दोनों देशों के गहरे विश्वास, साझा इतिहास और सभ्यतागत संबंधों का प्रतीक है।
भारत-इंडोनेशिया संबंधों के और मजबूत होने की उम्मीद
कार्यक्रम के बाद प्रवासी भारतीयों ने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा से भारत और इंडोनेशिया के बीच सांस्कृतिक, आर्थिक और सामाजिक सहयोग को नई गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि दोनों देशों की मित्रता भविष्य में और अधिक मजबूत होगी।